फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच जम्मू-कश्मीर को लेकर द्विपक्षीय बातचीत हुई।

जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के मोदी सरकार के इस फैसले के बाद से ही राजनीतिक महौल गरमा गया है। कई देशों ने इस पर अपनी प्रतिकांए दी है तो वही पाकिस्तान इस फैसले के बाद से बौखला गया है। वह अपनी बौखलाहट मे कभी इस फैसले को गलत ठहराता है तो कभी इसे संयुक्त राष्ट्र संघ मे ले जाने की मांग करता है। ऐसे मे खबर है कि फ्रांस के राष्ट्रपति और पीएम मोदी के बीच कश्मीर मुद्दे को लेकर बातचीत हुई हैँ।

बता दे, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और पीएम मोदी के बीच गुरुवार को द्विपक्षीय बातचीत हुई। जिसमे फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने दो टूक कहा कि कश्मीर मामले में किसी तीसरे देश को हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए। और यह भारत और पाकिस्तान का मसला है। गौरतलब है कि अमेरिका कई बार कश्मीर मसले पर मध्यस्थता की बात कह चुका था, लेकिन फ्रांस के राष्ट्रपति ने कहा कि न ही कोई इसमें हस्तक्षेप करे और न ही हिंसा भड़काने का काम करे।

इमैनुएल मैक्रों ने कहा कि हम दोनों देशों की साझेदारी अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी बड़ी भूमिका निभाती है। हम दोनों देशों के बीच बहुत भरोसा है और ये भरोसा आसानी से नहीं मिलता है। पीएम मोदी और मैंने कश्मीर पर बातचीत की। पीएम मोदी ने कश्मीर के हालात के बारे में मुझे बताया और मैंने उन्हें कहा कि भारत और पाकिस्तान को मिलकर इस मुद्दे पर नतीजा निकालना होगा। और हम चाहेंगे कि कोई भी तीसरा आदमी इसमें हस्तक्षेप नहीं करे और न ही हिंसा भड़काने का काम करे। इसके साथ यह भी जरूरी है कि कश्मीर में स्थिरता बनी रहे। और मैं कुछ दिनों बाद पाकिस्तान के पीएम से भी बातचीत करूंगा। हम चाहते हैं कि कहीं कोई आतंकवाद की घटना नहीं हो।