अमेरिका में एरिजोना विश्वविद्यालय प्रयोगशाला के निदेशक टिमोथी स्विंडल ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि हमें भारत के द्वारा चांद पर किए गए मिशन से बहुत उम्मीदें हैं।

भारत की स्थिति अभी असमंजस में चल रही हैं। एक तरफ भारत अर्थव्यवस्था के तौर पर बिछड़ता हुआ नजर आ रहा है। तो वहीं दूसरी तरफ भारत ने चंद्रयान 2 जैसे मिशन को लॉन्च कर दिया है। नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार कुछ बड़े फैसले लेने में लगी हुई है। हाल ही में कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटा कर सरकार ने इतिहास रच दिया।

चंद्रयान 2: चांद पर लैंडिंग से 2.1 किलोमीटर पहले टूटा संपर्क और फिर…

Image result for pm modi

इसके साथ ही कुछ दिन पहले सरकार ने असम में आखरी एनआरसी लिस्ट जारी की। इस एनआरसी लिस्ट में 1900000 लोगों का नाम शामिल ना होने पर राजनीति अपने चरम पर है। विपक्षी पार्टी के नेता अलग-अलग सवाल उठा रहे हैं कुछ नेताओं का कहना है कि मोदी सरकार ने 19 लाख लोगों को विदेशी बना दिया। वही कुछ दिन पहले मोदी सरकार द्वारा मोटर व्हीकल नियम लागू किया गया। जिसका जुर्माना बहुत ज्यादा होने के कारण लोग परेशान नजर आ रहे है। वहीं दूसरी तरफ भारत का मिशन चंद्रयान 2 को लेकर अमेरिका भी काफी उत्साह से भरा हुआ नजर आ रहा है।

चंद्रयान 2 को लेकर ममता बनर्जी ने कहा अर्थव्यवस्था से ध्यान हटाने के लिए!

Image result for टिमोथी स्विंडल

अभी चंद्रयान 2 चांद पर उतरा भी नहीं था कि अमेरिका की तरफ से एक बड़ा बयान सामने आया है। अमेरिका में एरिजोना विश्वविद्यालय के चन्द्रमा एवं ग्रहीय प्रयोगशाला के निदेशक टिमोथी स्विंडल ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि हमें भारत के द्वारा चांद पर किए गए मिशन से बहुत उम्मीदें हैं। साथ ही उन्होंने आगे कहा कि वहां पर पानी के स्रोत पता लगाने और उसके इस्तेमाल करने की संभावनाओं को समझने में इससे मदद मिलेगी। उन्होंने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि वहां पानी है लेकिन यह नहीं पता है कि उसकी मात्रा कितनी है और वहां पर कैसे आया?

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here